वास्तु का आपके करियर पर कैसे असर पड़ेगा ?

व्यक्ती के जीवन में उसकी आजीविका की शुरूआत होना सबसे महत्त्वपूर्ण चरण है । हर युवा उसका / उसकी शिक्षा की समाप्ती के बाद, उसका / उसकी शैक्षणिक गुणवत्ता का उपयोग अपने क्षेत्र में खुद के लिए तथा निकटतम आप्तजनों के लिए आजीविका कमाने तथा उसका फल पाने के लिए करते हैं । कुछ भाग्यशाली हैं जो उद्यमी (मेहनती ) बनते हैं या अपना पारिवारीक कारोबार का पालन करते हैं ।

करियर में अधोगति होने के कारण का वैज्ञानिक स्पष्टीकरण नीचे दिया है

हर घर या कार्यस्थल में व्यवसाय का स्थान होता है । जब व्यवसाय स्थल प्रभावित हो, तब स्वचालित रूप से व्यवसाय में समस्या होती है । अगर घर या कार्यस्थल का मुख्यद्वार प्रतिकूल दिशा में है, तब व्यवसाय वृध्दि पर्याप्त रूप से प्रभावित होती है । कामों में प्रतिबंध जैसे कि नौकरी न मिलना, वेतन में बढोत्तरी न मिलना, कोई तरक्की न मिलना तथा अपने प्रबंधकों व सहकारी सदस्यों से संघर्ष होना जैसे परिणाम हो सकते हैं ।

अगर घर या कार्यस्थल का मुख्यद्वार प्रतिकूल दिशा में है, तब व्यवसाय वृध्दि प्रभावित हो सकती है । अगर किसी युवा व्यक्तिने घर या कार्यस्थल के प्रतिकूल दिशा का अनुसरण किया तो उसके बुध्द्यांक प्रभावित हो सकता है व उसका परिणाम अनुचित निर्णय लेने में हो सकता है और साथ ही उसकी मानसिक शांती पर भी प्रभाव पड़ेगा । कदाचित कुछ अपना व्यवसाय की शुरूआत मजबूत तरीके से करते हैं लेकिन विभिन्न कारणों की वजह से व्यवसाय में अक्रियाशील हो जाते हैं । कोई लोगों की नौकरी छुट जाती है । मेहनत करने के बावजूद लायक होते हुए भी `पदोन्नती न मिलना’, अपने पर्यवेक्षकों से प्रेरणा या समर्थन नहीं मिलता है, इसी प्रकार नौकरी से नुकसान और काम के स्थान पर अप्रतिष्ठा मिलना तथा काम से मुक्ती मिलना (`पिंक स्लीप’) आदि मुश्किलों का सामना करना पड़ता है ।

यहां तक कि अगर नौकरी मिल भी गयी तो बगैर इसकी परवाह किए कि कितने अधिक घंटे काम किया, बिना हिचकिचाहट से पूरी ईमानदारी व निष्ठा से काम करने के बावजूद नौकरी में तरक्की पाना कठीन होता है ।

व्यवसाय के विकास में सरल वास्तु कैसे मदद करता है ?

सरल वास्तू करियर के लिए वास्तु करते है तब `सर्वोत्तम दिशा निर्देशों’ का सुझाव देते हैं। जिसकी वजह से बेहतर संभावनाओं पर सकारात्मक प्रभाव मिलने से नौकरी तथा व्यवसाय में कार्यरत रहने की जो साधक के अनुरूप होगा । करियर के लिए वास्तु से नौकरी मिलनेवाले के आत्मविश्वास के स्तर में भी सुधार आता है । सरल वास्तु उपयोगी और आसान उपचारों का सुझाव देते हैं जिससे सकारात्मक ऊर्जा को संचलित किया जाता है और घर या कार्यालय में कोई भी संररचनात्मक परिवर्तन या तोड़-फोड़ किये बिना संबंधित युवा पर तथा घर या कार्यालय की नकारात्मक ऊर्जा को कम किया जाता है । 7 चक्रों के सक्रिय होने से व्यक्ति के व्यवसाय के विकास में वृध्दि होती है ।

अपना व्यक्तिगत वास्तु नकाशा प्राप्त कीजिये और यह वास्तु नकाशा आपके कार्यस्थल तथा घर से सुसंगत है या नही इसका विश्लेषण कीजिये ।